जब सामने वाला बहुत ज्यादा बोलता हो तो बातचीत कैसे संभालें?
बात रोकनी नहीं है, बातचीत को दिशा देनी है अमेरिका के प्रसिद्ध राष्ट्रपति Franklin D. Roosevelt के बारे में कहा जाता है कि वे लोगों से मिलने-जुलने और उनकी बातें सुनने में माहिर थे। लेकिन किसी भी प्रभावशाली व्यक्ति के लिए एक चुनौती हमेशा रहती है— जब सामने वाला बोलना शुरू करे और रुकने का नाम ही न ले, तब बातचीत को बिना संबंध खराब किए कैसे संभालें? यही बातचीत की एक महत्वपूर्ण कला है। क्योंकि बहुत बोलने वाले व्यक्ति को अचानक रोक देना आसान है, लेकिन उसे सम्मान देते हुए बातचीत को सही दिशा में ले जाना असली कौशल है। Dale Carnegie की How to Win Friends and Influence People हमें याद दिलाती है कि लोगों को अपनी बात कहने का अवसर देना संबंधों के लिए महत्वपूर्ण है। लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि आपको हर बातचीत में निष्क्रिय श्रोता बने रहना है। अच्छी बातचीत में बोलना और सुनना दोनों का संतुलन होना चाहिए। 1. सबसे पहले समझिए—वह ज्यादा बोल क्यों रहा है? हर ज्यादा बोलने वाला व्यक्ति एक जैसा नहीं होता। कोई उत्साहित है। कोई अकेला है और उसे कोई सुनने वाला मिला है। कोई nervous होने के कारण लगातार बोलत...